अवचेतन मन की शक्ति
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अवचेतन मन की शक्ति

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अवचेतन मन की शक्ति

मनुष्य और अवचेतन मन की शक्ति

मनुष्य के दिमाग की क्षमता को देख हम अक्सर मंत्रमुग्ध होते हैं। मनुष्य का दिमाग विशाल और अदभुत है। यह घर है यादों का, नए-नए खयालों को देखने का और उसे हकीकत में लाने का। सुनने, समझने, सिखने के लिए सचेत मन की शक्ति को काम मे लाना पड़ता है पर अवचेतन मन (subconscious mind) की शक्ति से सचेत मन को बिना काम में लाए अपने हर दिन के काम को बड़ी आसानी से कर सकते हैं। 

यदि आप अपने अवचेतन मन यानी सबकॉन्शियस माइंड को सही रीति से इस्तेमाल करना और उसे काम मे लाना सीख जाएँ तो वह आपके लिए एक हथियार की तरह काम कर सकता है और आपके जीवन को बहुत आसान कर सकता है।

मन की शक्ति बढ़ाने के उपाय

कदम 1: आप क्यों अपने मन की शक्ति को बढ़ाना चाहते हैं? अपने आप से यह सवाल करें और अपने आप को यह पूछे क्योंकि एक इंसान के मन की शक्ति एक मकसद की वजह से बढ़ती है इसलिए सबसे पहले आप निर्णय लें कि आपका मकसद क्या है? क्या आप किस एग्जाम में  अवल आने के लिए मन की शक्ति को बढ़ाना चाहते हैं या बिजनेस में सफलता पाने के लिए मन की शक्ति को बढ़ाना चाहते हैं? या आप एक बुद्धिमान इंसान बनना चाहते हैं? मन की शक्ति को बढ़ाने के लिए एक मकसद होना जरूरी है। इसलिए अपने भीतरी मन को एक मकसद दें।

कदम 2 : जब आप निर्णय ले लें तो फिर उसके द्वारा अपने सबकॉन्शियस माइंड को एक दिशा दें। कैसे? 

उदाहरण के तौर पर यदि आप गिटार बजाना सीखना चाहते हैं तो आपको हर दिन कुछ मिनट, कुछ घंटे उसको समय देना पड़ेगा, हर दिन उसका प्रयास करना पड़ेगा और हर दिन गिटार का प्रयास करने से आप अपने सबकॉन्शियस माइंड को प्रयास की दिशा में ले जायेंगे। गिटार के प्रयास के द्वारा आप अपने सबकॉन्शियस माइंड को गिटार बजाने की आदत में ले आएँगे।

यह मनोवैज्ञानिक तथ्य है यदि हम कोई चीज या कोई काम एक हफ्ते तक लगातार करते हैं तो वह जाने या अनजाने में हमारी आदत बन जाती है। 

कदम 3 : बार-बार प्रयास करते रहे क्योंकि प्रयास करने से आपके  कॉन्शियस माइंड की कसरत होती रहेगी, आपके सोचने विचारने की क्षमता बढ़ने लगेगी, निर्णय लेने की क्षमता बढ़ने लगेगी, आपका दिमाग ऐकटिव रहने लगेगा।

क्या आप जानते हैं आपका सबकॉन्शियस माइंड एक टेप रिकॉर्डर, एक मेमोरी कार्ड, एक स्टोरेज डिवाइस की तरह है।

 आप जो भी अपनी आँखो से देखते, अनुभव करते या महसूस करते हैं आपका सबकॉन्शियस माइंड एक मेमोरी कार्ड की तरह काम करने लगता है और अपने भीतर उसे अनजाने मे स्टोर करता रहता है और कुछ समय के बाद एक याद की तरह आपके सामने उसे बार-बार प्ले करता है।

इसलिए आप इस विषय में भी सतर्क रहें कि आप गलत चीजों को न देखें, न सुने और साथ ही साथ सही चीजों को देखने का चुनाव करें ताकि आपका सबकॉन्शियस माइंड उसे अपने भीतर स्टोर करे और आपके सोचने, विचारने, आपके निर्णय लेने की शक्ति को प्रभावित करे और आपका मानसिक रीति से विकास हो।

 यदि आप अपने अवचेतन मन की शक्ति को बढ़ाना चाहते हैं और नहीं जानते कि कैसे और किस तरह से अपने मन की शक्ति को बढ़ाया जाए तो ऊपर दिए 3 आसान स्टेप्स को फ़ॉलो करने की कोशिश करें और अपने अवचेतन मन की शक्ति को बढ़ते हुए देखें, अपने भीतर इस नए मानसिक विकास को सराहे। यदि आप इस विषय पर और जानकारी चाहते हैं तो हमें सम्पर्क करें।

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